लोक गायक नरेन्द्र सिंह नेगी का दिल्ली में भव्य सम्मान

उत्तराखण्ड की महान जनता ने उनके गीतों को दिल में बसाते हुए उनको जो सम्मान दिया है, उस अपार सम्मान व स्नेह को पाने के बाद उनके मन में किसी प्रकार की सरकारी सम्मान पाने की एक रत्ती भी ललक नहीं है। जो सम्मान उत्तराखण्ड की जनता से उत्तराखण्ड सहित देश विदेश में उन्हें मिला है उसके आगे कोई भी सरकारी सम्मान गौण है।’ यह दो टूक विचार उत्तराखण्ड गौरव से सम्मानित महान लोक गायक नरेन्द्र सिंह नेगी ने उनकी गायकी के 40 वर्ष पूरे होने पर देश की राजधानी दिल्ली में संसद भवन के समीप विख्यात कन्स्टीट्यूशन हाॅल में 10 फरवरी को आयोजित भव्य सम्मान समारोह में सम्मानित करने पर कही। इस कार्यक्रम का आयोजन अग्रणी समाजसेवी व उद्यमी डा विनोद बछेती ने दिल्ली पेरामेडिकल संस्थान के सहयोग से उत्तराखण्ड लोक भाषा साहित्य मंच, दिल्ली द्वारा किया। इस अवसर पर कार्यक्रम का शुभारंभ पर डा गोविन्द सिंह की धर्मपत्नी, डा शेखर पाठक की धर्मपत्नी, लोक गायक नरेन्द्रसिंह नेगी की धर्मपत्नी व श्रीमती गीता चंदोला के कर कमलों से दीप प्रज्जवलित करके किया गया।

अपने सम्मान से गदगद उत्तराखण्ड के स्वर सम्राट के नाम से ख्यातिप्राप्त नरेन्द्र सिंह नेगी ने कहा कि उन्होंने हमेशा उत्तराखण्ड की जनभावनाओं के सम्मान व हितों की रक्षा के लिए गीत गाये तथा प्रदेश की कोई भी सरकार रही हो जो जनहितों पर कुठाराघात करती हो तो उस पर उन्होंने अपने गीतों के माध्यम से करारा प्रहार करके बेनकाब करने का काम किया। इसी कारण न तो उनको कोई सरकार सरकारी सम्मान देगी व नहीं उनकी इन पुरस्कार को पाने की कभी भी तनिक सी भी लालशा रही।

इस अवसर पर उत्तराखण्ड के शीर्ष लोक गायक नरेन्द्र सिंह नेगी ने इस अवसर पर ‘नरेन्द्र सिंह नेगी गीत यात्रा’ नामक पुस्तक का विमोचन भी किया गया।

इस अवसर पर ‘सुप्रसिद्ध लोकगायक नरेन्द्र सिंह नेगी की 40 वर्षीय गीत यात्रा’ नामक विषय पर एक परिचर्चा भी आयोजित की गयी। परिचर्चा में देश के अग्रणी सामाजिक एवं रानैतिक समीक्षक प्रो. पुष्पेश पंत, देश के अग्रणी पत्रकार डा गोविन्द सिंह, दिल्ली सरकार में मुख्यमंत्री के अपर सचिव कुलानन्द जोशी, उत्तराखण्ड के जनांदोलनों से जुडे रहे प्रदेश के अग्रणी सीपीआई नेता समर भण्डारी व उत्तराखण्ड के जनांदोलनों से जुडे रहे प्रखर चिंतक डा शेखर पाठक ने श्री नेगी जी के इन 40 वर्षीय गीत यात्रा का गंभीरता से हर पहलुओं पर चर्चा करते हुए उनको उत्तराखण्ड का सच्चा संरक्षक व जननायक बताया। इस परिचर्चा का संचालन उत्तराखण्ड लोक भाषा साहित्य मंच, दिल्ली के संयोजक दिनेश ध्यानी ने किया।

इस समारोह के दूसरे सत्र में महान गायक नरेन्द्र सिंह नेगी व उपस्थित प्रबुद्ध जनमानस से सीधे संवाद का आयोजन किया गया। इस जनसंवाद का संचालन गणेश खुगशाल ‘गणी’ ने बखुबी से किया। श्री गणी ने नेगी जी के इन 40 सालों की विराट गीत यात्रा पर अनछुये पहलुओं पर सटीक सवाल किये जिसे नेगी जी ने बडे उत्साह के साथ हर सवाल का जवाब दिया। इसके साथ उन्होंने अपने जनता के दिलों को छूने वाले गीतों को लिखने के लिए प्रेरणा सूत्र आम जनता को बताया। लोक गायक नरेन्द्र सिंह नेगी ने कहा कि उत्तराखण्डी गायकों के लिए किसी विद्यालय से अधिक सीख यहां की वादियों में जनता के नजदीक आंख कान खुले रखने से मिलेगी। उन्होंने कहा कि उनको गीत रचना में जो सहजता अपने पहाड में मिलती है वह उसे दिल्ली या देहरादून सहित देश प्रदेश में कहीं नहीं मिलती है।

महान लोक गायक नरेन्द्र सिंह नेगी ने उत्तराखण्ड में शराब के खिलाफ व्यापक जनांदोलन चलाने की जरूरत पर विशेष जोर दिया। उन्होंने इस अवसर पर पौड़ी जिले के कई गांवों में महिलाओं द्वारा शादी विवाह आदि कार्यक्रमों में हो रही शराब की पार्टियों पर लगाये जा रहे प्रतिबंध को आज का नया सराहनीय आंदोलन बनाया। शराब के खिलाफ महिलाओं द्वारा चलाये जा रहे इस प्रकार के आंदोलन से प्रेरणा लें। उन्होंने अफसोस प्रकट किया कि उनकी तरह ही प्रदेश के सैकडों लोगों पर शराब विरोध आंदोलन में फर्जी केश बना कर दण्ड का शिकार बनाया जाता हैं।

श्री नेगी ने कहा कि जो लोग कहते हैं कि उनके सकारात्मक गीतों का वर्तमान व्यवस्था पर असर नहीं होता है, उनको नौछमी नारेण नामक गीत के बाद अब तक की किसी भी सरकार पर थोक के भाव में लालबत्तियां देने का साहस तक नहीं जुटा पाये है। यही जनता व उनके गीतों की जीत है। इस अवसर पर उन्होंने अपनी उत्तराखण्डी पहचान को छुपा कर अपने आप को देहरादून या शहरी बताने वाली नयी पीढ़ी को सीख देते हुए श्री नेगी ने कहा कि जन्म कहीं भी लेने या खान पान परिवेश बदलने पर भी हम उत्तराखण्डी ही होते है।

इस अवसर पर श्री नेगी ने अपनी मां, अपनी पत्नी व जीवन से जुडे विभिन्न पहलुओं के प्रभाव में बने अपने कालजयी गीतों पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर उन्होंने उत्तराखण्ड राज्य आंदोलन, पर्यावरण, बुजुर्ग लोगों, महिलाओं सहित उत्तराखण्ड की हर क्षेत्र पर गाये गये अपने कालजयी गीतों की पृष्टभूमि पर भी प्रकाश डाला। इस अवसर पर उभरते हुए गायक विनायक असवाल ने नरेन्द्रसिंह नेगी के लोकप्रिय गीत ‘टिहरी डूबनों लगी गे बेटा, बांध का खातिर ….’ का बेहतर ढ़ंग से गायन किया। वहीं नरेन्द्र सिंह नेगी के बेटे कविलास नेगी द्वारा बनाये गये नेगी जी पर एक वृतचित्र का भी प्रदर्शित किया गया। इस अवसर पर कविलास ने अपने लोकप्रिय गीत ‘मुझे पहाड़ी-पहाड़ी मत बोलो में देहरादून का हूं का भी गायन किया।

इस अवसर पर महान् लोकगायक नेगी जी व उनकी धर्मपत्नी श्रीमती उषा नेगी का भी विशेष रूप से सम्मानित किया गया। महान लोक गायक नरेन्द्रसिंह नेगी व श्रीमती नेगी के साथ साथ परिचर्चा में भाग लेने वाले प्रो. पुष्पेश पंत, डा गोविन्द सिंह, कुलानन्द जोशी, डा शेखर पाठक व समर भण्डारी का सम्मान करने वालों में श्रीमती व श्री डा विनोद बछेती, दुबई से पधारी गीता चंदोला, उत्तराखण्ड लोकभाषा साहित्य मंच के संयोजक दिनेश ध्यानी, अनिल पंत, जयपाल सिंह रावत, वेद विलास उनियाल, सतेन्द्र रावत, जगदीश नेगी व उर्मिलेश भट्ट आदि प्रमुख थे।

देवसिंह रावत

This entry was posted on Tuesday, February 12th, 2013 at 4:48 pm and is filed under रंग-तरंग. You can follow any responses to this entry through the RSS 2.0 feed. You can leave a response, or trackback from your own site.

3 Responses to लोक गायक नरेन्द्र सिंह नेगी का दिल्ली में भव्य सम्मान

  1. jogendra rana says:

    Good news, I am confident that hill mail we remain focused for which it is being launch. I wish all the best to hill mail team

  2. rahul bisht says:

    i like this hillmail website.

  3. हल मेल वेबसाइट के लोकार्पण करने पर हिल मेल बेबसाइट के प्रमुख पत्रकार मंजीत नेगी व उनकी पूरी टीम को मेरी व प्यारा उत्तराखण्ड साप्ताहिक समाचार पत्र परिवार की तरफ से हार्दिक बधाई आशा है यह वेबसाइट उत्तराखण्ड जनभावनाओं का सम्मान करने में अपने दायित्व का भी निर्वहन बखूबी से करेगी। जय श्रीकृण हरि ओम तत्सत्। श्रीकृष्णाय् नमो www.rawatdevsingh.blogspot.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <strike> <strong>

543696_541567479208002_2028498897_n
Powered By Indian Cyber Media Technology